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जगत की रीत
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अभिमान
नि:स्वार्थ प्यार
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फिल्मी जगत
मानसम्मान
Hindi
स्वार्थी जगत
Quotes
इस स्वार्थी जगत में केवल मां का ही प्यार नि:स्वार्थ प्यार ह ...
इस स्वार्थी जग में कुछ रिश्ते तो, खून के रिश्तों से भी बड़े ...
इंसान के स्वार्थी रवैये ने आज मानवता को खतरे में डाल दिया ह ...
हम कितने स्वार्थी हो गए हैं अपनी तरक्की के लिए प्रकृति को उज ...
सिनेमा जगत इतना फूहड़ हो चुका है कि परिवार के साथ आप फिल्म न ...
सिनेमा जगत इतना फूहड़ हो चुका है कि परिवार के साथ आप फिल्म न ...
हमने लोगों की शख्सियत क्या पहचानी , उन्होंने हमारी अहमियत ख ...
जीत सदा ही भाती सबको, है यह सकल जगत की रीत। जो परहित में हार ...
सब चाहते हैं बनना नायक, करते काम सदा शुभ दायक। जो करता है कल ...
बेशुमार विविधताओं के बाद भी प्रकृति के अंग- अंग में ही होती ...
मित्रता सदा निभाएं हम, चाहे वह राजा हो या रंक। स्वार्थी मित् ...
भयभीत जीव जगत में हरपल ढूंढ रहा है माया अंतर्मन कलुषित भया ब ...
मानवीय संवेदनाएं अमूर्त हैं, मूर्त भौतिक संसाधन और पैसा। भौत ...
छोटा हो या बड़ा इस जगत में, सबकी चाहत होती है सम्मान। अभिमान ...
जानते हैं सब इस जगत में, आता जाता रहता है पैसा। संबंध-स्वास् ...
यह जगत कैसा है? यह स्वयं हमारे अपने दृष्टिकोण पर निर्भर करत ...
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